वाहनों की आवाजाही से
बहुत बिजी रोड किनारे
भवन में लान की घास
गमले के फूल
सभी सने धूल
घास पर बैठे कौन ?
फूल पर भी नहीं
बैठती कोई तितली
या, भंवरा, मधुमक्खी
क्योंकि परागकण,
मकरंद पर भी तो
जमी होती धुआं और धूल
पर कौन करे चिंता
वानस्पतिक फूल घास की
जब वे खुद
और उनके आँगन के फूल
रोज़ की , नित खाते
जाने , अनजाने
कई-कई माइक्रोग्राम
धुआं और धूल
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